आईएसएसएफ विश्व कप 2026 में भारत की चुनौती, ‘गन फॉर ग्लोरी’ के चार निशानेबाज मैदान में
आईएसएसएफ विश्व कप 2026 में गन फॉर ग्लोरी अकादमी के चार निशानेबाज भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। एलावेनिल वलारिवन, रुद्रांक्ष पाटिल, साक्षी पडेकर और शाहू माने हांगझोउ में होने वाली प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में देश की चुनौती पेश करेंगे।
हांगझोउ. चीन के हांगझोउ में 20 से 29 जुलाई तक आयोजित होने वाले आईएसएसएफ विश्व कप 2026 में भारत की ओर से गन फॉर ग्लोरी स्पोर्ट्स प्रमोशन फाउंडेशन के चार निशानेबाज हिस्सा लेंगे। यह टूर्नामेंट दुनिया के शीर्ष निशानेबाजों के बीच अपनी प्रतिभा साबित करने का बड़ा मंच माना जाता है। भारतीय टीम में अनुभवी खिलाड़ियों के साथ युवा प्रतिभाओं को भी मौका मिला है, जिससे टीम का संतुलन और मजबूत दिखाई दे रहा है।
एलावेनिल और रुद्रांक्ष संभालेंगे जिम्मेदारी
भारतीय दल में ओलंपियन एलावेनिल वलारिवन और रुद्रांक्ष बालासाहेब पाटिल प्रमुख जिम्मेदारी निभाएंगे। एलावेनिल महिला 10 मीटर एयर राइफल और मिश्रित टीम स्पर्धा में चुनौती पेश करेंगी, जबकि रुद्रांक्ष पुरुष 10 मीटर एयर राइफल और 50 मीटर राइफल थ्री पोजीशन स्पर्धा में अपना कौशल दिखाएंगे। दोनों खिलाड़ियों से भारत को मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।
युवा निशानेबाजों को मिला बड़ा मंच
टीम में उभरती प्रतिभाएं साक्षी सुनील पडेकर और शाहू तुषार माने भी शामिल हैं। दोनों खिलाड़ियों ने घरेलू प्रतियोगिताओं में लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन किया है और लंबे समय से अकादमी में उच्च स्तरीय प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। विश्व कप में चयन उनके निरंतर प्रदर्शन और मेहनत का परिणाम माना जा रहा है।
साक्षी का लक्ष्य रहेगा हर शॉट पर पूरा फोकस
पिछले तीन वर्षों से गन फॉर ग्लोरी अकादमी से जुड़ी साक्षी सुनील पडेकर ने हाल ही में राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाकर अपनी क्षमता साबित की है। उनका कहना है कि वह प्रतियोगिता के दौरान एक-एक शॉट पर पूरा ध्यान केंद्रित रखेंगी। तकनीकी तैयारी पर लगातार काम करने के बाद वह आत्मविश्वास से भरी हैं और दुनिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों के बीच अपने प्रदर्शन को परखने के लिए उत्साहित हैं।
शाहू ने प्रदर्शन को बनाया प्राथमिकता
शाहू तुषार माने भी पिछले ढाई वर्षों से अकादमी में प्रशिक्षण ले रहे हैं और हाल ही में एयर राइफल ट्रायल में राष्ट्रीय रिकॉर्ड अपने नाम कर चुके हैं। उनका मानना है कि परिणाम से अधिक महत्वपूर्ण अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना है। वह प्रतियोगिता में बिना अतिरिक्त दबाव के अपनी दिनचर्या का पालन करते हुए हर शॉट का आनंद लेने की रणनीति के साथ उतरेंगे। उनका विश्वास है कि यदि प्रदर्शन अच्छा रहा तो सफलता स्वतः मिलेगी।
भारतीय टीम के लिए अहम होगी प्रतियोगिता
हांगझोउ में आयोजित होने वाला आईएसएसएफ विश्व कप भारतीय राइफल निशानेबाजों के लिए अंतरराष्ट्रीय अनुभव हासिल करने का महत्वपूर्ण अवसर होगा। यह प्रतियोगिता आगामी वैश्विक चैंपियनशिप की तैयारियों के लिहाज से भी बेहद अहम मानी जा रही है। ऐसे में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन भविष्य की बड़ी प्रतियोगिताओं के लिए आत्मविश्वास और अनुभव दोनों प्रदान कर सकता है।




