मध्य प्रदेश

राजगढ़ में बड़ा हादसा: उफनते नाले में बही कार, 6 के शव बरामद और 2 अब भी लापता

राजगढ़ जिले के पड़ाना क्षेत्र में तेज बारिश के चलते उफनते झिरी नाले में 11 यात्रियों से भरी एक कार बह गई। इस दर्दनाक हादसे में 6 लोगों की मौत हो चुकी है, 3 लोगों को बचा लिया गया है और 2 अन्य लापता लोगों की तलाश जारी है।

राजगढ़. मध्य प्रदेश के राजगढ़ में उफनते झिरी नाले को पार करते समय एक कार तेज बहाव में बह गई। वाहन में सवार 11 लोगों में से 3 को सुरक्षित निकाल लिया गया है, जबकि 6 लोगों के शव बरामद हो चुके हैं। लापता 2 व्यक्तियों की तलाश के लिए राहत एवं बचाव कार्य जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार मना करने के बावजूद चालक ने कार पानी में उतार दी थी।

उफनते नाले पार करने के दौरान हुआ दर्दनाक हादसा

मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में तेज बारिश के बीच एक बड़ा सड़क हादसा सामने आया है। देवास जिले के सतवास क्षेत्र के 11 निवासी ईको कार में सवार होकर कड़लावद गांव की ओर जा रहे थे। यात्रा के दौरान पड़ाना के समीप स्थित झिरी नाले के उफान पर होने के बावजूद वाहन चालक ने उसे पार करने का प्रयास किया। पानी के अत्यधिक तेज बहाव के कारण कार अनियंत्रित होकर गहरे नाले में बह गई। कार में तीन पुरुष, चार महिलाएं और चार बच्चे मौजूद थे। इस घटना में तीन यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि छह लोगों के शव बरामद कर लिए गए हैं। दो अन्य लापता यात्रियों की तलाश लगातार की जा रही है।

निर्माणाधीन पुलिया और तेज बहाव बना दुर्घटना का कारण

पड़ाना के पास झिरी नाले पर लगभग 30 फीट लंबा पुल निर्माणाधीन अवस्था में है। भारी वर्षा के कारण नाले का जलस्तर काफी बढ़ गया था और पानी निर्माणाधीन पुलिया के ऊपर से बह रहा था। दृश्यता कम होने अथवा स्थिति का सही अनुमान न लग पाने के कारण चालक ने वाहन को जलमग्न मार्ग पर आगे बढ़ा दिया। पानी की चपेट में आते ही गाड़ी नाले में समा गई। हादसे के दौरान दो लोग किसी तरह तैरकर सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे, जबकि शेष यात्री अंदर ही फंस गए।

क्रेन की मदद से निकाली गई गाड़ी, वाहन मालिक की हुई पहचान

हादसे की सूचना प्राप्त होते ही उपखंड अधिकारी (एसडीएम) रोहित बम्होरे और अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (एसडीओपी) अरविंद सिंह पुलिस बल के साथ स्थल पर पहुंचे। रेस्क्यू टीम ने क्रेन की सहायता से काफी प्रयासों के बाद जलमग्न कार को बाहर निकाला। हालांकि, वाहन के भीतर कोई यात्री मौजूद नहीं मिला। गाड़ी की नंबर प्लेट के आधार पर छानबीन करने पर ज्ञात हुआ कि यह वाहन सतवास के धांसड़ गांव निवासी मुकेश चौहान के नाम पर पंजीकृत है।

चेतावनी के बावजूद चालक ने जोखिम में डाली यात्रियों की जान

प्रत्यक्षदर्शी महेंद्र परमार के अनुसार, सड़क पर जलभराव को देखते हुए वहां मौजूद स्थानीय लोगों ने कार चालक को आगे बढ़ने से रोकने का प्रयास किया था। उन्हें आगाह किया गया था कि मार्ग पर काफी गहराई तक पानी बह रहा है और आगे जाना खतरनाक हो सकता है। इसके बावजूद चालक ने चेतावनी को अनदेखा करते हुए वाहन आगे बढ़ा दिया। मार्ग के किनारे सुरक्षा रेलिंग न होने के कारण कार सीधे अनियंत्रित होकर उफनते नाले में जा गिरी।

बचाव अभियान जारी और पीड़ितों को पहुंचाया जा रहा सहयोग

हादसे में जीवित बचे लोग इस अप्रत्याशित घटना से अत्यधिक भयभीत हैं और आघात की स्थिति में हैं। पुलिस प्रशासन द्वारा स्थिति को संभालते हुए राहत कार्य को प्राथमिकता दी जा रही है। थाना प्रभारी राहुल रघुवंशी ने बताया कि लापता लोगों की खोज के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन पूरी सक्रियता से संचालित किया जा रहा है। अभियान संपन्न होने के पश्चात प्रभावित परिवारों से विधिवत संपर्क स्थापित कर अग्रिम कार्रवाई पूरी की जाएगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button