सेवा सेतु बना सहारा: दंतेवाड़ा की सरिता को मिला समय पर आय प्रमाण-पत्र, उच्च शिक्षा का सपना पूरा
छत्तीसगढ़ में सेवा सेतु केंद्र डिजिटल सेवाओं और सुशासन का सशक्त माध्यम बन रहे हैं। दंतेवाड़ा में समय पर आय प्रमाण-पत्र मिलने से सरिता को कॉलेज में प्रवेश मिला। शासकीय दफ्तरों के बार-बार चक्कर लगाने से राहत मिलने पर पिता मुन्ना राम ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का आभार प्रकट किया है। यह पहल दूरस्थ क्षेत्रों के नागरिकों को पारदर्शी और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराकर उनके जीवन को आसान बना रही है।
रायपुर. छत्तीसगढ़ में राज्य सरकार की सुशासन और डिजिटल सेवा व्यवस्था को मजबूती देने वाली ‘सेवा सेतु’ पहल अब आम जनता के लिए भरोसे का सशक्त माध्यम बन चुकी है। इस व्यवस्था के माध्यम से आम नागरिकों को आवश्यक प्रमाण-पत्रों और विभिन्न शासकीय सुविधाओं के लिए बार-बार सरकारी दफ्तरों की दौड़ नहीं लगानी पड़ रही है। लोग एक ही केंद्र पर जाकर पूरी पारदर्शिता, सुलभता और निर्धारित समय-सीमा के भीतर शासकीय सुविधाओं का लाभ उठा पा रहे हैं।
आय प्रमाण-पत्र की देरी से सरिता की पढ़ाई पर था संकट
दंतेवाड़ा जिले के बड़े बचेली क्षेत्र से सुशासन का एक बेहद प्रेरक उदाहरण सामने आया है। यहां के निवासी मुन्ना राम अपनी पुत्री सरिता के भविष्य और उसकी उच्च शिक्षा को लेकर काफी चिंतित थे। सरिता का कॉलेज में दाखिला होना था, जिसके लिए आय प्रमाण-पत्र की तत्काल आवश्यकता थी। सही समय पर कागजात न बन पाने के कारण बेटी की आगे की पढ़ाई रुकने का खतरा बना हुआ था, जिससे पूरा परिवार परेशान था।
सेवा सेतु केंद्र की त्वरित कार्रवाई से आसान हुई दाखिले की राह
अपनी इस समस्या को लेकर परिवार ने स्थानीय सेवा सेतु केंद्र में आय प्रमाण-पत्र के लिए आवेदन जमा किया। केंद्र के कर्मचारियों और अधिकारियों ने इस मामले की संवेदनशीलता को समझते हुए आवेदन पर तुरंत कार्रवाई की। त्वरित प्रक्रिया के तहत निर्धारित समय के भीतर आय प्रमाण-पत्र जारी कर दिया गया, जिससे सरिता का कॉलेज में एडमिशन पक्का हो गया और उसकी पढ़ाई की राह की रुकावट दूर हो गई।
सरकारी दफ्तरों के चक्करों और आर्थिक परेशानी से मिली मुक्ति
अपनी राहत व्यक्त करते हुए मुन्ना राम ने साझा किया कि पहले कागजी काम के लिए अलग-अलग कार्यालयों में बार-बार जाना पड़ता था, जिससे समय के साथ-साथ पैसों का भी काफी नुकसान होता था। अब सेवा सेतु केंद्र की बदौलत सारे काम एक ही जगह पर आसानी से पूरे हो जाते हैं। उन्होंने खुशी जताते हुए कहा कि समय पर दस्तावेज मिलने की वजह से उनकी बेटी का शैक्षणिक जीवन सुरक्षित हो गया और परिवार का बड़ा तनाव खत्म हुआ।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति जताया आभार
मुन्ना राम ने इस पारदर्शी व्यवस्था के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का धन्यवाद करते हुए कहा कि सेवा सेतु ग्रामीण और दूरदराज के इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए सुशासन का सच्चा प्रतीक है। यह कदम केवल सरकारी काम को जनता तक ही नहीं पहुंचा रहा, बल्कि बेटियों की पढ़ाई, युवाओं की प्रगति और आम नागरिकों के आत्मबल को एक नया संबल भी प्रदान कर रहा है।
नागरिक-केंद्रित सेवाओं से आ रहा सामाजिक बदलाव
राज्य सरकार द्वारा शुरू किए गए इस डिजिटल और नागरिक-केंद्रित विस्तार से यह साफ दिखता है कि सुशासन का असली मकसद सिर्फ नीतियां बनाना नहीं, बल्कि जरूरतमंदों तक समय पर मदद पहुंचाना है। वर्तमान में सेवा सेतु केंद्र राज्य के भीतर शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, राजस्व और प्रमाण-पत्रों से जुड़ी सेवाओं को सहज बनाकर लोगों के जीवन में बेहतर और सकारात्मक बदलाव ला रहे हैं।




