आईसीसी चीफ की बर्खास्तगी पर भड़का ईरान: अमेरिका और इजराइल पर अंतरराष्ट्रीय न्याय को कमजोर करने का लगाया आरोप
ईरान के डिप्टी विदेश मंत्री काजम गरीबाबादी ने आईसीसी चीफ करीम खान की बर्खास्तगी पर अमेरिका और इजराइल की आलोचना की है। उन्होंने न्याय प्रणालियों को कमजोर करने का आरोप लगाया।
ईरान के उप विदेश मंत्री काजम गरीबाबादी ने अंतरराष्ट्रीय क्रिमिनल कोर्ट (आईसीसी) के मुख्य अभियोजक करीम खान के खिलाफ हुई कार्रवाई और उस पर आए इजरायली बयानों की तीखी भर्त्सना की है। ईरानी राजनयिक ने अमेरिका और इजराइल पर आरोप लगाया कि दोनों देश मिलकर वैश्विक न्याय प्रणालियों और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं की स्वायत्तता को लगातार कमजोर करने का प्रयास कर रहे हैं।
नेतन्याहू और अमेरिकी नीतियों पर ईरानी उप विदेश मंत्री का हमला
सोशल मीडिया मंचों पर अपना वक्तव्य जारी करते हुए गरीबाबादी ने स्पष्ट किया कि इजरायली प्रधानमंत्री स्वयं आईसीसी के गंभीर कानूनी मामलों और वारंट का सामना कर रहे हैं। ऐसे में अमेरिकी संरक्षण का सहारा लेकर अदालत की निष्पक्षता पर सवाल उठाना और उसे अमान्य घोषित करने की कोशिश करना अंतरराष्ट्रीय नियमों की खुली अवहेलना है।
आईसीसी के मुख्य अभियोजक की बर्खास्तगी का घटनाक्रम
उल्लेखनीय है कि यौन दुराचार से जुड़े गंभीर आरोपों के सामने आने के पश्चात संयुक्त राष्ट्र संघ के मुख्य परिसर में बुलाई गई आपातकालीन बैठक में व्यापक मतदान कराया गया। इस प्रक्रिया में 125 सदस्य राष्ट्रों में से 82 के स्पष्ट बहुमत के साथ करीम खान को मुख्य अभियोजक के पद से मुक्त कर दिया गया। इजरायली नेतृत्व द्वारा इस निर्णय के खुले समर्थन को तेहरान ने वैश्विक न्याय प्रणाली के प्रति दोहरा रवैया करार दिया है।




