न्यूयॉर्क से कैलिफोर्निया तक योगमय हुआ अमेरिका; स्टेट सीनेट में प्रस्ताव पास, टाइम्स स्क्वायर बना स्टूडियो
अमेरिका में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का भव्य आयोजन किया गया। न्यूयॉर्क स्टेट सीनेट में आधिकारिक योग दिवस का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित हुआ और टाइम्स स्क्वायर से लेकर गोल्डन गेट ब्रिज तक लाखों अमेरिकियों ने योग किया।
वॉशिंगटन/न्यूयॉर्क. भारत की पहल पर शुरू हुआ अंतरराष्ट्रीय योग दिवस अब अमेरिका में एक बड़े जन आंदोलन का रूप ले चुका है। टेक्सास के पार्कों और न्यूयॉर्क के ऐतिहासिक टाइम्स स्क्वायर से लेकर अमेरिकी राज्य विधानसभाओं और गवर्नर्स के दफ्तरों तक, इस हफ्ते के अंत में पूरा अमेरिका योगमय नजर आया। यह भव्य आयोजन दर्शाता है कि भारत की यह प्राचीन परंपरा अब अमेरिका में एक देशव्यापी स्वास्थ्य कल्याण (वेलनेस) आंदोलन बन चुकी है। इस वर्ष यह आयोजन “स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग” की विशेष थीम पर केंद्रित रहा, जिसमें निवारक स्वास्थ्य देखभाल, सक्रिय जीवनशैली और मानसिक शांति पर जोर दिया गया।
अमेरिकी सीनेट में गूंजा योग का महत्व, पारित हुआ ऐतिहासिक प्रस्ताव
इस वर्ष अमेरिकी जनप्रतिनिधियों और सरकारी अधिकारियों की ओर से योग को बहुत बड़ी आधिकारिक मान्यता मिली है। न्यूयॉर्क स्टेट सीनेट ने सीनेटर शेली मेयर द्वारा प्रायोजित प्रस्ताव ‘जे1895’ को सर्वसम्मति से पारित किया। इस प्रस्ताव के जरिए गवर्नर कैथी होचुल से 21 जून को न्यूयॉर्क राज्य में आधिकारिक तौर पर ‘योग दिवस’ घोषित करने का आह्वान किया गया है। इस सरकारी प्रस्ताव में प्राचीन भारत में योग की ऐतिहासिक जड़ों और अमेरिकी नागरिकों के मानसिक तनाव को कम करने में इसके लाभों की विशेष सराहना की गई है।
इसके अलावा, डेलावेयर के गवर्नर मैथ्यू (मैट) मेयर ने भी अपने प्रांत में आधिकारिक रूप से ‘अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’ मनाने का घोषणापत्र जारी किया है।
टाइम्स स्क्वायर से लेकर गोल्डन गेट ब्रिज तक सामूहिक योग
हर वर्ष की तरह इस बार भी न्यूयॉर्क के सबसे व्यस्त व्यावसायिक क्षेत्र टाइम्स स्क्वायर को ‘सोल्स्टिस इन टाइम्स स्क्वायर’ कार्यक्रम के तहत एक विशाल ओपन-एयर योग स्टूडियो में बदल दिया गया, जहां हजारों लोगों के जुटने की उम्मीद है।
- वाशिंगटन डीसी: भारतीय दूतावास के नेतृत्व में प्रतिष्ठित लिंकन मेमोरियल और नेशनल मॉल के पास भव्य सामूहिक योग सत्र आयोजित हुआ, जिसमें अमेरिकी राजनयिक, कानून निर्माता और भारतीय-अमेरिकी समुदाय के प्रमुख चेहरे शामिल हुए।
- टेक्सास: शुगर लैंड के ब्रेजोस रिवर पार्क में भारत के कॉन्सुल जनरल डी.सी. मंजूनाथ और मेयर कैरल मैककचियन की मौजूदगी में सैकड़ों लोगों ने आउटडोर योग किया।
- वेस्ट कोस्ट व अन्य शहर: सैन फ्रांसिस्को के क्रिसी मैदान में गोल्डन गेट ब्रिज के साए में योग सत्र का आयोजन हुआ। इसके अलावा लॉस एंजिल्स, शिकागो, अटलांटा, मियामी, बोस्टन और सिएटल सहित देश भर के यूनिवर्सिटी कैंपसों से भी सामूहिक योग की तस्वीरें सामने आईं।
- योग का आध्यात्मिक और भक्ति पक्ष: न्यूयॉर्क के हेम्पस्टेड स्थित वैदिक हेरिटेज हनुमान मंदिर में ‘ए लोटस इन द मड’ मैगजीन की तरफ से भक्ति-आधारित विशेष योग सत्र आयोजित किया गया। इसमें पद्म भूषण से सम्मानित मशहूर ऑन्कोलॉजिस्ट डॉ. दत्तात्रेयुडू नोरी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए, जहां योग के शारीरिक फायदों के साथ इसके आध्यात्मिक मार्ग पर पैनल चर्चा की गई।
सालाना कूटनीति से वैश्विक जन-आंदोलन तक का सफर
साल 2014 में संयुक्त राष्ट्र (UN) में भारत द्वारा पेश किए गए एक प्रस्ताव के साथ शुरू हुई यह यात्रा आज अमेरिका के सिटी हॉल्स, पब्लिक पार्कों और आम नागरिकों की दिनचर्या का हिस्सा बन चुकी है। करोड़ों अमेरिकी नागरिक अब इसे नियमित रूप से अपनी जीवनशैली में अपना रहे हैं, जो वैश्विक स्तर पर भारत के बढ़ते सांस्कृतिक और सॉफ्ट-पावर प्रभाव का सबसे जीवंत उदाहरण है।




