विधान परिषद चुनाव में प्रशांत किशोर का दांव, 5 उम्मीदवार घोषित; जीतने वाले क्षेत्र में 10 हजार रोजगार का वादा
बिहार विधान परिषद की 8 सीटों पर होने वाले चुनाव में जन सुराज ने अपने उम्मीदवार उतारने का ऐलान किया है। प्रशांत किशोर ने 5 प्रत्याशियों के नाम घोषित करते हुए जीतने वाले क्षेत्र में 10 हजार पढ़े-लिखे युवाओं को नौकरी देने की बात कही।

लखनऊ। बिहार में विधान परिषद की 8 सीटों के लिए प्रस्तावित चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इनमें चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। विभिन्न दलों की तैयारियों के बीच जन सुराज ने भी चुनावी मैदान में उतरने का ऐलान किया है। पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने रविवार को पांच सीटों के लिए उम्मीदवारों के नाम घोषित किए।
जीत वाले क्षेत्र में 10 हजार नौकरियों का दावा
प्रशांत किशोर ने उम्मीदवारों की घोषणा के साथ रोजगार को लेकर बड़ा दावा किया। उनके मुताबिक, विधान परिषद के जिस निर्वाचन क्षेत्र से जन सुराज का उम्मीदवार जीत हासिल करेगा, वहां 10 हजार पढ़े-लिखे युवाओं को नौकरी देने का काम किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि बाकी तीन उम्मीदवारों के नाम चार दिनों के भीतर घोषित किए जाएंगे। इससे पार्टी के सभी आठ सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी के संकेत दिए गए हैं।
जन सुराज ने इन पांच सीटों पर उतारे उम्मीदवार
दिए गए विवरण के अनुसार पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से दिव्य ज्योति, सारण शिक्षक से अफाक अहमद, कोशी स्नातक से रजनीश रंजन, दरभंगा शिक्षक से सुरेश राय और दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से रवींद्र कुमार यादव को उम्मीदवार घोषित किया गया है।
आठ सीटों पर मुकाबले की तस्वीर
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में पटना से नीरज कुमार, दरभंगा से सर्वेश कुमार, कोसी से एनके यादव और तिरहुत से बंशीधर व्रजवासी के नाम दिए गए हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में पटना से प्रो. नवल किशोर यादव, दरभंगा से डॉ. मदन मोहन झा, सारण से आफाक अहमद और तिरहुत से संजय कुमार सिंह का उल्लेख है। ये नाम अलग-अलग राजनीतिक दलों और निर्दलीय उम्मीदवारों से जुड़े बताए गए हैं।
एनडीए और महागठबंधन में भी सियासी हलचल
चुनाव से पहले गठबंधनों के भीतर भी अलग-अलग राजनीतिक समीकरणों की चर्चा है। पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में मोकामा विधायक अनंत सिंह द्वारा अनुज सिंह के समर्थन की बात सामने आई है। वहीं, इसी क्षेत्र से जदयू के नीरज कुमार लगातार तीन बार चुनाव जीत चुके हैं। दूसरी ओर, महागठबंधन में प्रत्याशियों के चयन को लेकर भी मतभेद की खबरों का उल्लेख किया जा रहा है।
जन सुराज की एंट्री से बदला चुनावी समीकरण
आठ सीटों वाले इस विधान परिषद चुनाव में जन सुराज के उम्मीदवार उतारने से मुकाबले में एक नया राजनीतिक पक्ष जुड़ गया है। पार्टी की ओर से रोजगार को प्रमुख मुद्दा बनाया गया है। अब बाकी तीन उम्मीदवारों की घोषणा के बाद सभी सीटों पर मुकाबले की तस्वीर और स्पष्ट होने की उम्मीद है।




