बांकीपुर सीट पर नया सियासी बवाल, बायोडाटा में बदलाव के बाद तेज हुई विपक्ष की सियासत
बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी उम्मीदवार नीरज सिन्हा का बायोडाटा विवादों में है। शुरुआती विवरण में 2006 से पार्टी की प्राथमिक सदस्यता का उल्लेख था, जिस पर उम्र को लेकर सवाल उठे। बाद में बायोडाटा में संशोधन किया गया। इस बीच नीरज सिन्हा ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात कर आशीर्वाद लिया।
पटना. पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट के उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी नीरज सिन्हा को लेकर नया राजनीतिक विवाद सामने आया है। पहले उम्मीदवार में बदलाव के फैसले ने राजनीतिक हलकों में चर्चा पैदा की थी, वहीं अब उनके बायोडाटा में दर्ज राजनीतिक सफर को लेकर सवाल उठ रहे हैं। विपक्षी दल और सोशल मीडिया पर सक्रिय लोग इस मुद्दे को लेकर लगातार चर्चा कर रहे हैं।
2006 से प्राथमिक सदस्यता के दावे पर उम्र को लेकर बहस
जारी किए गए शुरुआती बायोडाटा में नीरज सिन्हा का जन्म 1 जुलाई 1994 बताया गया था। साथ ही उल्लेख था कि वे वर्ष 2006 से भारतीय जनता पार्टी के प्राथमिक सदस्य हैं। इस आधार पर सवाल उठने लगे कि उस समय उनकी उम्र लगभग 12 वर्ष थी, ऐसे में प्राथमिक सदस्यता का दावा कैसे दर्ज किया गया। यही तथ्य सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ और राजनीतिक बहस का विषय बन गया।
बायोडाटा में किया गया संशोधन, हटाया गया सदस्यता का उल्लेख
विवाद बढ़ने के बाद नीरज सिन्हा के बायोडाटा में बदलाव किया गया। संशोधित संस्करण में वर्ष 2006 से प्राथमिक सदस्य होने का उल्लेख हटा दिया गया है। नए विवरण में केवल उनके विभिन्न संगठनात्मक दायित्वों का जिक्र रखा गया है, जबकि पार्टी में शामिल होने की तारीख का उल्लेख नहीं किया गया। दोनों संस्करण सोशल मीडिया पर साझा किए जा रहे हैं, जिससे विवाद और चर्चा जारी है।
उम्मीदवार बदलने के फैसले ने पहले ही बढ़ा दी थी सियासी हलचल
बांकीपुर उपचुनाव के लिए पहले घोषित उम्मीदवार अभिषेक सिन्हा ने नामांकन वापस लेने का फैसला किया था। इसके तुरंत बाद पार्टी नेतृत्व ने नीरज सिन्हा को अधिकृत उम्मीदवार घोषित किया, जिससे राजनीतिक गलियारों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। उम्मीदवार बदलने के इस फैसले ने पहले ही विपक्ष को भाजपा पर सवाल उठाने का अवसर दे दिया था।
मुख्यमंत्री से मुलाकात, जीत के लिए मिला समर्थन
उम्मीदवार घोषित होने के बाद नीरज सिन्हा ने प्रदेश भाजपा अध्यक्ष संजय सरावगी के साथ मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने उन्हें बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए शुभकामनाएं देते हुए जीत की अग्रिम बधाई दी। अब चुनावी मुकाबले के बीच बायोडाटा विवाद भी इस सीट की राजनीतिक चर्चा का अहम हिस्सा बन गया है।




