साइकिल से सपनों तक: मंत्री राजेश अग्रवाल की पहल से छात्राओं में उत्साह
सरगुजा में सरस्वती साइकिल योजना के तहत छात्राओं को साइकिल वितरण। मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा—यह योजना बेटियों को शिक्षा, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता से जोड़ने का सशक्त माध्यम है।

रायपुर/सरगुजा. छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में सरस्वती साइकिल योजना के तहत छात्राओं को साइकिलें वितरित की गईं। राजेश अग्रवाल ने शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, मेंड्राकला में आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं को साइकिलें सौंपीं और योजना के महत्व पर प्रकाश डाला।
शिक्षा से जोड़ने की पहल, आत्मनिर्भरता की ओर कदम
मंत्री राजेश अग्रवाल ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि सरस्वती साइकिल योजना के तहत वितरित की गई साइकिलें केवल आवागमन का साधन नहीं, बल्कि छात्राओं के लिए आत्मनिर्भरता और आगे बढ़ने की प्रेरणा हैं। उन्होंने कहा कि यह योजना ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों की बेटियों को शिक्षा से जोड़ने में अहम भूमिका निभा रही है।
दूरस्थ क्षेत्रों की छात्राओं को बड़ी राहत
इस योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण इलाकों की बालिकाओं को स्कूल आने-जाने में सुविधा प्रदान करना है, ताकि वे शिक्षा से वंचित न रहें। सरगुजा जिले के दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाली कई छात्राएं पहले पैदल लंबी दूरी तय करती थीं। अब साइकिल मिलने से उनका समय बचेगा, सुरक्षा बढ़ेगी और आत्मविश्वास में भी इजाफा होगा।
शिक्षा को साधन बनाकर सपनों को साकार करने का संदेश
मंत्री ने छात्राओं से अपील की कि वे साइकिल को शिक्षा का माध्यम बनाकर अपने सपनों को साकार करें। उन्होंने इस योजना को ग्रामीण विकास और बेटी बचाओ–बेटी पढ़ाओ अभियान से जोड़ते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार कन्या शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।
स्थानीय स्तर पर पहल की सराहना
कार्यक्रम में मौजूद पंचायत प्रतिनिधियों और अभिभावकों ने इस पहल की सराहना की। उनका कहना है कि इससे छात्राओं की ड्रॉपआउट दर में कमी आएगी और क्षेत्र में साक्षरता स्तर को बढ़ावा मिलेगा।




