FIFA World Cup 2026: मेक्सिको ने रचा नया इतिहास, हारकर भी जीत गया हैती; स्विट्जरलैंड और बोस्निया चमके
FIFA World Cup 2026 में मेक्सिको ने चेक रिपब्लिक को 3-0 से हराकर रचा इतिहास. 52 साल बाद लौटी हैती ने मोरक्को के खिलाफ जीता दिल. स्विट्जरलैंड और कनाडा नॉकआउट में पहुंचे. पढ़ें पूरी रिपोर्ट.

FIFA World Cup 2026: फीफा वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप राउंड में गुरुवार का दिन ऐतिहासिक और उलटफेर से भरा रहा. जहां मेक्सिको ने चेक रिपब्लिक को 3-0 से रौंदकर पहली बार ग्रुप स्टेज के अपने तीनों मैच जीतने का नया कीर्तिमान स्थापित किया, वहीं 52 साल बाद वर्ल्ड कप के मंच पर लौटी हैती की टीम भले ही मोरक्को से हार गई, लेकिन अपने जुझारू खेल से करोड़ों फुटबॉल फैंस का दिल जीत लिया. दूसरी ओर, स्विट्जरलैंड ने कनाडा को शिकस्त देकर ग्रुप-B में टॉप पोजीशन हासिल की, जबकि बोस्निया-हर्जेगोविना ने कतर को हराकर नॉकआउट की रेस को बेहद रोमांचक बना दिया है.
मेक्सिको का ऐतिहासिक ‘क्लीन स्वीप’, ओचोआ ने की मेसी-रोनाल्डो की बराबरी
ग्रुप-A में पहले ही टॉप पर चल रही मेक्सिको की टीम ने चेक रिपब्लिक के खिलाफ भी अपना दबदबा बनाए रखा. मैच के दूसरे हाफ में 22 वर्षीय मातेओ चावेज ने 55वें मिनट में गोल कर मेक्सिको को 1-0 की बढ़त दिलाई. इसके ठीक 6 मिनट बाद जूलियन क्विनोनेस ने टूर्नामेंट का अपना दूसरा गोल दागकर स्कोर 2-0 कर दिया. इंजरी टाइम में अल्वारो फिडाल्गो ने तीसरा गोल दागकर मेक्सिको की 3-0 से जीत पक्की कर दी.
ऐतिहासिक रिकॉर्ड: मेक्सिको ने वर्ल्ड कप इतिहास में पहली बार ग्रुप स्टेज के तीनों मैच जीते हैं. इससे पहले 1986 और 2002 में उसने दो जीत और एक ड्रॉ दर्ज किया था. इसके साथ ही 17 साल के गिल्बर्टो मोरा मेक्सिको के लिए वर्ल्ड कप शुरू करने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बने, जबकि 40 वर्षीय गोलकीपर गुइलेर्मो ओचोआ अपना छठा वर्ल्ड कप खेलकर लियोनेल मेसी और क्रिस्टियानो रोनाल्डो के एलीट क्लब में शामिल हो गए.
हार के बावजूद हैती ने जीता दिल, मोरक्को नॉकआउट में
पूरे 52 साल के लंबे इंतजार के बाद वर्ल्ड कप खेलने उतरी हैती की टीम को मोरक्को ने 4-2 से हरा दिया, लेकिन हैती के खिलाड़ियों ने मैदान पर जो जज्बा दिखाया, उसने पूरे देश को जश्न मनाने का मौका दे दिया. मैच के 10वें मिनट में ही लेनी जोसेफ के शॉट पर मोरक्को के स्टार गोलकीपर यासीन बूनू से आत्मघाती (Own Goal) गोल हो गया और हैती आगे हो गई. इसके बाद विल्सन इसाडोर ने 43वें मिनट में दूसरा गोल कर टीम को फिर बढ़त दिलाई. हालांकि, मोरक्को ने दमदार वापसी करते हुए लगातार तीन गोल दागे और नॉकआउट में जगह पक्की कर ली.
स्विट्जरलैंड बना ग्रुप-B का किंग, कनाडा को अब साउथ अफ्रीका से चुनौती
ग्रुप-B के एक बेहद अहम मुकाबले में स्विट्जरलैंड ने मेजबान कनाडा को 2-1 से हराकर ग्रुप में पहला स्थान हासिल किया. दूसरे हाफ के शुरू होने के महज 40 सेकेंड के भीतर रूबेन वर्गास ने गोल दागकर स्विस टीम को आगे कर दिया. 57वें मिनट में 20 साल के जोहान मंजांबी ने स्कोर 2-0 कर दिया. कनाडा के प्रॉमिस डेविड ने 76वें मिनट में गोल कर वापसी की उम्मीद जगाई, लेकिन वो नाकाफी रही. राहत की बात यह है कि हार के बाद भी कनाडा ने पहली बार नॉकआउट (राउंड ऑफ-32) में जगह बनाई है, जहां उसका सामना साउथ अफ्रीका से होगा.
बोस्निया ने कतर को धोया, नॉकआउट की उम्मीदें जिंदा
सिएटल में खेले गए मुकाबले में बोस्निया-हर्जेगोविना ने कतर को 3-1 से मात देकर टूर्नामेंट में खुद को जिंदा रखा है. बोस्निया के लिए 18 वर्षीय केरिम अलायबेगोविच ने 29वें मिनट में गोल कर टीम का खाता खोला और वर्ल्ड कप इतिहास के सबसे युवा गोल स्कोरर की लिस्ट में आ गए. कतर के सुल्तान अल-ब्रेक के आत्मघाती गोल से बोस्निया 2-0 से आगे हो गया. कतर के हसन अल हायडोस ने एक गोल कर वापसी की कोशिश की, लेकिन 80वें मिनट में एरमिन माहमिक ने गोल दागकर कतर की उम्मीदें तोड़ दीं. बोस्निया अब सर्वश्रेष्ठ थर्ड-प्लेस टीमों के जरिए राउंड ऑफ-32 में जाने की मजबूत दावेदार है.




