कप्तान सूर्यकुमार संग टीम ने टेका माथा, पद्मनाभस्वामी मंदिर में की प्रार्थना
भारत-न्यूजीलैंड पांचवें और अंतिम टी20 मैच से पहले भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ियों ने तिरुवनंतपुरम के श्री पद्मनाभस्वामी मंदिर में पूजा-अर्चना की। भारत पहले ही सीरीज जीत चुका है।

न्यूजीलैंड के खिलाफ पांचवें और अंतिम टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच से पहले भारतीय क्रिकेट टीम तिरुवनंतपुरम पहुंच चुकी है। निर्णायक मुकाबले से पहले टीम इंडिया के कम से कम सात सदस्यों ने शुक्रवार सुबह श्री पद्मनाभस्वामी मंदिर में पूजा-अर्चना की। भारतीय खिलाड़ी 29 जनवरी को तिरुवनंतपुरम पहुंचे थे और शुक्रवार सुबह करीब 9:15 बजे मंदिर दर्शन के लिए पहुंचे। खिलाड़ी लगभग 30 मिनट तक मंदिर परिसर में रहे और टीम की सफलता के लिए प्रार्थना की।
पारंपरिक परिधान में मंदिर पहुंचे खिलाड़ी
सूत्रों के अनुसार, मंदिर दर्शन के दौरान सभी खिलाड़ी पारंपरिक परिधान में नजर आए। पूजा-अर्चना करने वालों में भारतीय टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव, ऑलराउंडर अक्षर पटेल, बल्लेबाज रिंकू सिंह और मिस्ट्री स्पिनर वरुण चक्रवर्ती शामिल थे। इसके अलावा गेंदबाज कुलदीप यादव, रवि बिश्नोई और फील्डिंग कोच टी दिलीप भी मंदिर पहुंचे।
सीरीज में भारत का दबदबा, अंतिम मैच पर नजर
भारतीय टीम ने इस टी20 सीरीज में शानदार प्रदर्शन करते हुए शुरुआती तीन मैच जीतकर सीरीज अपने नाम कर ली है। हालांकि चौथे टी20 मुकाबले में न्यूजीलैंड ने 50 रन से जीत दर्ज कर वापसी की थी। इसके बावजूद सीरीज के नतीजे पर कोई असर नहीं पड़ा। भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांचवां और अंतिम टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच शनिवार को खेला जाएगा।
संजू सैमसन और अक्षर पटेल से उम्मीदें
अंतिम मुकाबले में भारत को अपने घरेलू मैदान पर संजू सैमसन से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी। वहीं अक्षर पटेल की फिटनेस पर भी नजरें टिकी होंगी। विशाखापत्तनम में खेले गए चौथे टी20 में भारत ने प्रयोग के तौर पर पांच मुख्य गेंदबाजों को खिलाया था और ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या व शिवम दुबे से गेंदबाजी नहीं करवाई थी। यह प्रयोग सफल नहीं रहा और भारत को हार का सामना करना पड़ा।
गेंदबाजी संयोजन में बदलाव संभव
सीरीज के पिछले मैचों को देखते हुए भारतीय टीम प्रबंधन गेंदबाजी विभाग में एक बार फिर बदलाव कर सकता है। पिछले दो मुकाबलों में आराम दिए जाने के बाद मिस्ट्री स्पिनर वरुण चक्रवर्ती को अंतिम टी20 में मौका मिलने की संभावना है।




