अफगानिस्तान में हवाई हमलों पर भारत की कड़ी टिप्पणी को पाकिस्तान ने नकारा; बोला- ‘यह हमारी जायज कार्रवाई’
अफगानिस्तान में पाकिस्तान के हवाई हमलों पर भारत की कड़ी निंदा को पाकिस्तान ने खारिज कर दिया है। पाकिस्तान ने इसे अपनी 'जायज कार्रवाई' बताते हुए भारत पर बेबुनियाद आरोप लगाए हैं। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।
इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने अफगानिस्तान में हाल ही में किए गए घातक हवाई हमलों को लेकर भारत की कड़ी आलोचना को सिरे से खारिज कर दिया है। पाकिस्तान का दावा है कि उसने इन हमलों में केवल ‘आतंकवादी बुनियादी ढांचे’ को निशाना बनाया है। गौरतलब है कि 29 जून को हुए इन हमलों में दो दर्जन से ज्यादा आतंकियों के मारे जाने की बात पाकिस्तान ने कही है, वहीं भारत ने इसे ‘आक्रामकता का खुला कृत्य’ और क्षेत्रीय शांति के लिए सीधा खतरा बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की थी।
भारत की कड़ी निंदा: ‘यह आक्रामकता का खुला कृत्य’
भारत सरकार ने अफगानिस्तान में हुए इन हवाई हमलों को लेकर सख्त रुख अपनाया है। विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में इसे पाकिस्तान का ‘गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार’ करार दिया है। भारत ने स्पष्ट कहा है कि अपनी सीमाओं के बाहर हिंसा की ये हताशापूर्ण हरकतें केवल पाकिस्तान की अंदरूनी नाकामियों को छिपाने की एक नाकाम कोशिश है। साथ ही, भारत ने इन हमलों में आम नागरिकों के मारे जाने पर भी गहरी चिंता व्यक्त की और इसे क्षेत्रीय स्थिरता के लिए खतरा बताया।
पाकिस्तान का पलटवार और बेबुनियाद आरोप
भारत की टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देते हुए पाकिस्तान विदेश कार्यालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने इन बयानों को ‘बेबुनियाद’ करार दिया। पाकिस्तान ने अपना बचाव करते हुए दावा किया कि वह अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए उचित कदम उठा रहा है। हालांकि, अपनी सफाई देने के दौरान पाकिस्तान ने एक बार फिर पुराना राग अलापते हुए भारत पर अफगानिस्तान में आतंकवादी गुटों की मदद और उन्हें प्रायोजित करने का बेबुनियाद आरोप मढ़ा, जिसके समर्थन में उसने कोई ठोस सबूत पेश नहीं किया।
तनाव की पृष्ठभूमि
यह घटना तब हुई जब पाकिस्तान ने आरोप लगाया कि अफगानिस्तान में मौजूद आतंकी उसके देश में हमले कर रहे हैं, जिसके जवाब में उसने 29 जून को यह हवाई कार्रवाई की। भारत और पाकिस्तान के बीच पहले से ही कूटनीतिक तनाव बरकरार है, और अफगानिस्तान की स्थिति को लेकर इस तरह की बयानबाजी ने कूटनीतिक स्तर पर एक नई बहस को जन्म दे दिया है।




