राजस्थान का इंडस्ट्रियल ब्लूप्रिंट तैयार, निवेश और ‘ईज ऑफ डूइंग’ को मिलेगी रफ्तार
राजस्थान सरकार का औद्योगिक रोडमैप–2026 तैयार। जेपीएमआईए, डीएमआईसी नोड्स, भीलवाड़ा टेक्सटाइल पार्क और जोधपुर–पाली–मारवाड़ में मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक हब से निवेश को बढ़ावा।

जयपुर. राजस्थान सरकार ने वर्ष 2026 के लिए औद्योगिक विकास का विस्तृत रोडमैप तैयार किया है। सरकार का उद्देश्य बड़े औद्योगिक प्रोजेक्ट्स को गति देने के साथ-साथ ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को नए स्तर पर ले जाना है, ताकि राज्य निवेशकों और उद्यमियों के लिए और अधिक आकर्षक बन सके।
रोडमैप में जेपीएमआईए (जयपुर–मुंबई इंडस्ट्रियल एरिया) के विकास, Delhi–Mumbai Industrial Corridor के तहत दौसा और केबीएनआईआर जैसे दो नए नोड्स, भीलवाड़ा में टेक्सटाइल पार्क और किशनगढ़ में डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग जोन के विकास को शामिल किया गया है। इसके साथ ही दौसा–बांदीकुई औद्योगिक क्षेत्र को इस वर्ष प्राथमिकता के आधार पर विकसित किया जाएगा।
जोधपुर–पाली–मारवाड़ बनेगा पूर्ण इंडस्ट्रियल टाउनशिप
राज्य सरकार जोधपुर–पाली–मारवाड़ औद्योगिक क्षेत्र को पूर्ण इंडस्ट्रियल टाउनशिप के रूप में विकसित कर रही है। यह टाउनशिप करीब 3600 हेक्टेयर भूमि में प्रस्तावित है।
पहले चरण का काम शुरू
- 641 हेक्टेयर भूमि पर प्रारंभिक विकास कार्य शुरू
- ₹370 करोड़ की लागत से आधारभूत ढांचे का विकास
दूसरे चरण की योजना
- करीब 1100 हेक्टेयर भूमि पर औद्योगिक विस्तार
- राज्य का सबसे बड़ा मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक हब स्थापित करने का प्रस्ताव
- मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक हब से उद्योगों को फायदा
प्रस्तावित लॉजिस्टिक हब से
- परिवहन और सप्लाई चेन मजबूत होगी
- उद्योगों की लॉजिस्टिक लागत घटेगी
- निवेशकों को बेहतर कनेक्टिविटी और सुविधाएं मिलेंगी
- सरकार ने उद्यमियों को प्रतिस्पर्धी दरों पर भूमि आवंटन की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी भी कर ली है, जिससे नए निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा।




