रील्स से रिकॉर्ड तक: खाबी लैम बने दुनिया के टॉप-पेड डिजिटल क्रिएटर
टिकटॉक स्टार खाबी लैम ने 900 मिलियन डॉलर की ऐतिहासिक डील साइन की। जानें कैसे साइलेंट वीडियो से शुरू हुआ सफर AI डिजिटल ट्विन और ग्लोबल बिजनेस तक पहुंचा।

नई दिल्ली. टिकटॉक पर बिना एक शब्द बोले अपने अनोखे रिएक्शन वीडियो से दुनिया भर में पहचान बनाने वाले खाबी लैम एक बार फिर सुर्खियों में हैं। खाबी लैम ने करीब 900 मिलियन डॉलर (लगभग 82,800 करोड़ रुपये) की एक मेगा डील साइन की है, जिसे डिजिटल क्रिएटर्स की दुनिया की सबसे बड़ी डील्स में से एक माना जा रहा है।
साइलेंट वीडियो से मिली वैश्विक पहचान
खाबी लैम की लोकप्रियता की शुरुआत उनके साइलेंट रिएक्शन वीडियो से हुई। वे बिना बोले, सिर्फ चेहरे के हाव-भाव और हाथों के इशारों से ओवर-कॉम्प्लिकेटेड लाइफ हैक्स का मजाक उड़ाते हैं।
कोरोना काल के दौरान नौकरी छूटने के बाद उन्होंने टिकटॉक पर वीडियो बनाना शुरू किया और देखते ही देखते वे दुनिया के सबसे चर्चित और अमीर डिजिटल क्रिएटर्स में शामिल हो गए। वर्तमान में सोशल मीडिया पर उनके करीब 360 मिलियन फॉलोअर्स हैं।
900 मिलियन डॉलर की डील कैसे हुई?
यह डील खाबी लैम की कंपनी Step Distinctive Limited के आंशिक शेयर बिक्री से जुड़ी है, जिसे अमेरिका की Rich Sparkle Holdings ने खरीदा है। यह सौदा केवल अधिग्रहण नहीं, बल्कि एक रणनीतिक पार्टनरशिप है, जिसका उद्देश्य खाबी के बिजनेस को वैश्विक स्तर पर और विस्तार देना है।
समझौते के तहत अगले 36 महीनों तक खाबी लैम से जुड़ी सभी कमर्शियल गतिविधियां—ब्रांड डील, विज्ञापन, लाइसेंसिंग और ई-कॉमर्स—Rich Sparkle के नियंत्रण में रहेंगी। कंपनी का दावा है कि इस मॉडल से भविष्य में 4 बिलियन डॉलर से अधिक की सालाना बिक्री संभव है।
अब सिर्फ क्रिएटर नहीं, कंपनी के मालिक भी
इस डील का अहम पहलू यह है कि खाबी लैम खुद Rich Sparkle Holdings के कंट्रोलिंग शेयरहोल्डर बनेंगे। यानी वे अब केवल कंटेंट क्रिएटर नहीं, बल्कि कंपनी के बड़े मालिकों में भी शामिल होंगे।
AI डिजिटल ट्विन से 24×7 रहेगा खाबी का ब्रांड
डील में AI डिजिटल ट्विन का प्रावधान भी शामिल है। इसमें खाबी के चेहरे, आवाज और हाव-भाव के आधार पर एक वर्चुअल खाबी लैम तैयार किया जाएगा, जिसका उपयोग विज्ञापन, लाइव स्ट्रीम और डिजिटल कंटेंट में किया जा सकेगा। इस तकनीक से खाबी का ब्रांड 24 घंटे सक्रिय रह सकेगा, भले ही वे स्वयं मौजूद न हों।
यह नई योजना पहले अमेरिका, मिडिल ईस्ट और साउथ-ईस्ट एशिया में लागू की जाएगी। इसके लिए कंपनी एक चीन स्थित कंटेंट-कॉमर्स कंपनी के साथ साझेदारी करेगी।




