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यात्रियों के लिए बड़ा बदलाव— RAC हटाई गई, स्लीपर किराए का नया ढांचा प्रभावी

भारतीय रेलवे ने वंदे भारत स्लीपर और अमृत भारत ट्रेनों में RAC टिकट व्यवस्था खत्म की। जानिए नए किराया नियम, न्यूनतम दूरी चार्ज और स्लीपर क्लास कोटा में हुए बड़े बदलाव।

नई दिल्ली. Indian Railways ने यात्रियों के सफर को अधिक आरामदायक बनाने के उद्देश्य से टिकटिंग और कोच नियमों में अहम बदलाव किए हैं। रेलवे ने स्पष्ट किया है कि कुछ चुनिंदा श्रेणियों की ट्रेनों में अब RAC (Reservation Against Cancellation) की व्यवस्था पूरी तरह समाप्त कर दी जाएगी, जिससे यात्रियों को आधी सीट पर यात्रा करने की मजबूरी से राहत मिलेगी।

वंदे भारत स्लीपर और अमृत भारत ट्रेनों में नहीं मिलेगा RAC

रेलवे द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, Vande Bharat Sleeper और Amrit Bharat Express ट्रेनों में RAC टिकट की सुविधा पूरी तरह खत्म कर दी गई है। इन ट्रेनों में अब केवल कन्फर्म टिकट ही जारी किए जाएंगे।

रेलवे बोर्ड का सर्कुलर: वेटलिस्ट और RAC पर रोक

रेलवे बोर्ड ने 9 जनवरी को जारी सर्कुलर में कहा कि वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के लिए न्यूनतम चार्जेबल दूरी 400 किलोमीटर होगी।
सर्कुलर के अनुसार:

  • इस ट्रेन में केवल कन्फर्म टिकट जारी होंगे
  • RAC, वेटलिस्टेड या आंशिक रूप से कन्फर्म टिकट का कोई प्रावधान नहीं होगा
  • सभी उपलब्ध बर्थ Advance Reservation Period (ARP) के पहले ही दिन से बुकिंग के लिए खुली रहेंगी

जनवरी 2026 से नई अमृत भारत II एक्सप्रेस

भारतीय रेल जनवरी 2026 से अमृत भारत II एक्सप्रेस शुरू करने की तैयारी में है। रेलवे बोर्ड के हालिया पत्र के अनुसार, इन नई ट्रेनों के किराया ढांचे और बुकिंग नियमों में पहले से चल रही अमृत भारत ट्रेनों की तुलना में कुछ बदलाव किए गए हैं।
हालांकि बेसिक किराया समान रखा गया है, लेकिन न्यूनतम दूरी के नियमों को संशोधित किया गया है।

नया किराया ढांचा: न्यूनतम दूरी तय

नए नियमों के तहत:

  • स्लीपर क्लास: न्यूनतम 200 किमी का किराया देना होगा, जो 149 रुपये है
  • सेकंड क्लास: न्यूनतम 50 किमी का किराया तय, यानी 36 रुपये
  • रिजर्वेशन चार्ज और सुपरफास्ट चार्ज अलग से लागू होंगे
  • यदि कोई यात्री केवल 100 किमी की यात्रा करता है, तब भी उसे स्लीपर क्लास में 200 किमी का न्यूनतम किराया देना होगा।

स्लीपर क्लास में सीमित कोटा व्यवस्था

अब स्लीपर क्लास में केवल तीन ही कोटा लागू होंगे:

  • महिलाएं
  • दिव्यांग व्यक्ति
  • सीनियर सिटिजन
  • इसके अलावा कोई अन्य कोटा लागू नहीं होगा।

सीनियर सिटिजन के लिए लोअर बर्थ की सुविधा

रेलवे बोर्ड ने सीनियर सिटिजन और बच्चों के साथ यात्रा करने वालों के लिए लोअर बर्थ की व्यवस्था की है। सिस्टम निम्न यात्रियों को प्राथमिकता देने का प्रयास करेगा:

  • 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के पुरुष
  • 45 वर्ष या उससे अधिक आयु की महिलाएं
  • हालांकि, बर्थ का अंतिम अलॉटमेंट उपलब्धता के आधार पर ही किया जाएगा।

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