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दिल्ली में हाई अलर्ट: लश्कर के निशाने पर ऐतिहासिक इलाका, सुरक्षा कड़ी

दिल्ली में आतंकी हमले का हाई अलर्ट। लाल किले के बाहर IED ब्लास्ट की साजिश और चांदनी चौक के मंदिर निशाने पर। सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट, राजधानी में कड़ी सुरक्षा।

नई दिल्ली. देश की राजधानी दिल्ली एक बार फिर आतंकी संगठनों के निशाने पर है। खुफिया विभाग के सूत्रों से मिले हाई अलर्ट के अनुसार पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) लाल किले के मुख्य द्वार के सामने IED ब्लास्ट की साजिश रच रहा है। इसके साथ ही चांदनी चौक के प्रमुख धार्मिक स्थलों को भी टारगेट करने की योजना की जानकारी सामने आई है। यह अलर्ट ऐसे समय आया है जब नवंबर 2025 में लाल किले के पास हुए कार ब्लास्ट की जांच अभी जारी है, जिसमें 13 लोगों की मौत हो गई थी।

लाल किले के बाहर भीड़भाड़ वाले इलाके में IED लगाने की योजना

खुफिया सूत्रों के मुताबिक आतंकी स्लीपर सेल को लाल किले के आसपास सक्रिय किया गया है। संभावित खतरे:

  • भीड़भाड़ वाले इलाके में IED प्लांट
  • बैग या वाहन में हाई-इंटेंसिटी विस्फोटक
  • अधिकतम जनहानि की साजिश
  • लाल किला पहले भी आतंकियों के निशाने पर रह चुका है।
  • दिसंबर 2000: LeT हमला, 3 लोगों की मौत
  • नवंबर 2025: मेट्रो स्टेशन के बाहर कार ब्लास्ट, 13 की मौत
  • इस मामले में UAPA के तहत केस दर्ज किया गया था।

ISI–गैंगस्टर कनेक्शन की आशंका

सूत्रों का दावा है कि:

  • LeT हैंडलर्स को ISI का समर्थन
  • पंजाब के गैंगस्टरों के जरिए IED सप्लाई
  • भारत में बड़े हमले की साजिश
  • हालांकि इन इनपुट्स की आधिकारिक पुष्टि जांच एजेंसियों की ओर से अभी नहीं की गई है।

दिल्ली में सुरक्षा कड़ी

अलर्ट के बाद राजधानी में हाई लेवल सुरक्षा व्यवस्था लागू कर दी गई है:

  • लाल किले के आसपास NSG कमांडो तैनात
  • डॉग स्क्वाड और एंटी-सैबोटाज चेक
  • AI आधारित फेसियल रिकग्निशन कैमरे
  • मेट्रो और रेलवे स्टेशनों पर सख्त जांच

चांदनी चौक के प्रमुख मंदिरों पर खतरा

अलर्ट में चांदनी चौक के धार्मिक स्थलों का विशेष उल्लेख किया गया है, जिनमें:

  • दिगंबर जैन मंदिर
  • गौरी शंकर मंदिर
  • सीस गंज गुरुद्वारा

ये सभी स्थान रोजाना हजारों श्रद्धालुओं से भरे रहते हैं, जिससे किसी भी हमले की स्थिति में बड़ा नुकसान हो सकता है। सुरक्षा एजेंसियों को आशंका है कि धार्मिक स्थलों को निशाना बनाकर साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश की जा सकती है।

भारत-पाक तनाव के बीच अलर्ट

विशेषज्ञों का मानना है कि यह इनपुट भारत-पाकिस्तान के मौजूदा तनावपूर्ण संबंधों के बीच आया है और इसका उद्देश्य देश में अस्थिरता फैलाना हो सकता है।

जनता से अपील

सुरक्षा एजेंसियों ने लोगों से अपील की है:

  • अफवाहों पर ध्यान न दें
  • संदिग्ध वस्तु दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें
  • भीड़भाड़ वाले इलाकों में सतर्क रहें
  • जांच एजेंसियां साजिशकर्ताओं की तलाश में जुटी हैं और आने वाले दिनों में बड़े खुलासे की संभावना जताई जा रही है।

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