BPL कार्ड रद्द होने का खतरा: बड़े सत्यापन में 40% परिवार हो सकते हैं बाहर
केंद्र सरकार के निर्देश के बाद भिंड जिले में 1 हेक्टेयर से अधिक जमीन और पीएम किसान योजना का लाभ लेने वाले 3.69 लाख परिवार अपात्र घोषित हो सकते हैं। फरवरी तक नोटिस जारी होंगे।

केंद्र सरकार के सख्त निर्देशों के बाद मध्य प्रदेश के भिंड जिले में बड़ी कार्रवाई की तैयारी है। जिले के करीब 3 लाख 69 हजार परिवारों का राशन कार्ड निरस्त होने की कगार पर है। यह कार्रवाई उन परिवारों पर होगी, जिनके पास 1 हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि है और जो प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ ले रहे हैं।
40% परिवार अपात्र, फरवरी तक जारी होंगे नोटिस
खाद्य आपूर्ति विभाग के पोर्टल पर उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, जिले में कुल 9.22 लाख परिवार पंजीकृत हैं। इनमें से करीब 40 प्रतिशत परिवार नए मानकों के तहत अपात्र पाए गए हैं। विभाग ने बताया कि फरवरी तक अपात्र परिवारों की सूची तैयार कर नोटिस जारी किए जाएंगे।
नए फिल्टर में फंसे लाभार्थी
National Informatics Centre (NIC) द्वारा किए गए डेटा मिलान में सामने आया कि कई परिवारों ने:
- राशन कार्ड और पीएम किसान योजना के लिए अलग-अलग आईडी बनवाई
- जमीन का बंटवारा तो किया, लेकिन नामांतरण नहीं करवाया
- ऐसे मामलों में रिकॉर्ड में परिवार के नाम पर दर्ज भूमि 1 हेक्टेयर से अधिक पाई गई, जिसके चलते उन्हें BPL कार्ड और सरकारी राशन से बाहर किया जाएगा।
फैक्ट फाइल
- राशन ले रहे परिवार: 2.13 लाख
- अपात्र होने वाले परिवार: 3.69 लाख
- हर महीने कुल राशन वितरण: 15 मीट्रिक टन
- अपात्रता का मानक: 1 हेक्टेयर से अधिक भूमि
- वंचित होने वाले परिवार: लगभग 40%
राशन आपूर्ति में आ सकती है भारी कटौती
खाद्य आपूर्ति विभाग का कहना है कि सभी प्रभावित परिवारों को सुनवाई का मौका दिया जाएगा।
हालांकि, नियमों के अनुसार यदि बड़ी संख्या में राशन कार्ड निरस्त होते हैं, तो जिले में 15 मीट्रिक टन मासिक राशन आपूर्ति घटकर करीब 6 मीट्रिक टन तक रह सकती है।




